Durgami Nayan

Latest Uttarakhand News in Hindi

ADVERTISEMENTS Ad Ad

ब्रेकिंग न्यूज: *लूट के इरादे से इंजीनियर का किया अपहरण*! *चार घंटे बेसुध पड़े इंजीनियर को सेना का मिला सहारा*! पढ़ें अपराध अपडेट…

Ad
खबर शेयर करें 👉
Oplus_131072

देहरादून। लगातार बढ़ रहे अपराध के क्रम में उत्तराखंड की राजधानी में ये खबर कुछ चौंकाने वाली है। आईटी पार्क स्थित एक कंपनी से ड्यूटी से घर लौट रहे सॉफ्टवेयर इंजीनियर को लूट के इरादे से किडनैप किया गया और वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाशों ने उसे पुल से नीचे नदी में फेंक दिया।

ADVERTISEMENTS Ad

इसके बाद बदमाशों ने सबूत मिटाने के लिए ऊपर से उस पर पत्थर फेंककर मारने का भी प्रयास किया, जिससे युवक की आंखों में गंभीर चोट आ गई है।

वह रातभर पत्थरों के बीच जिंदगी बचाने की जद्दोजहद करता रहा और सुरक्षित जगह ढूंढने की कोशिश में टकराता रहा।

करीब 4 से 5 घंटे तक वह चिल्लाता रहा और मदद मांगता रहा। चिल्लाने की आवाज सुनकर सुबह गश्त पर निकले जवानों ने पुल के नीचे सॉफ्टवेयर इंजीनियर आकाश को अधमरी हालत में देखा।

सेना के 3 जवान जब घायल आकाश के पास पहुंचे तो आंख में लगी चोट के कारण वह उन्हें पहचान नहीं पाया, जिसके बाद जवानों ने घायल को अस्पताल पहुंचाया। घटना प्रेमनगर थाना क्षेत्र के जामुनवाला की है।

यह भी पढ़ें 👉  ब्रेकिंग न्यूज: *ड्रैगन फ्रूट क्रांति लाने की तरफ बढ़ रही सोच*! पढ़ें और देखें vdo कैसे कमाई कर रहे...

मिली जानकारी के अनुसार लक्ष्मणचौक, कांवली रोड निवासी आकाश कुमार (23) आईटी पार्क स्थित एक कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं।

गुरुवार रात करीब 2:15 बजे अपनी शिफ्ट खत्म कर वे सहस्रधारा क्रॉसिंग पर घर जाने के लिए ऑनलाइन बाइक बुक कर रहे थे।

इसी दौरान स्कूटर सवार दो बदमाशों ने मदद मांगने के बहाने उन्हें रोका और जबरन स्कूटर पर बैठाकर किडनैप कर लिया।

बदमाश बेखौफ होकर आकाश को घंटाघर, बिंदाल पुल और गढ़ी कैंट होते हुए प्रेमनगर थाना क्षेत्र के जामुनवाला पुल तक ले गए।

इस 10 किलोमीटर लंबे रूट पर पांच थाना क्षेत्रों (रायपुर, डालनवाला, कोतवाली, पटेलनगर और प्रेमनगर) की पुलिस पिकेट और गश्त टीम को इसकी भनक तक नहीं लगी।

पुल पर ले जाकर बदमाशों ने आकाश का बैग, दो मोबाइल फोन और पर्स लूट लिया और विरोध करने पर पंच से हमला कर उन्हें पुल से नीचे नदी में फेंक दिया।

पुल से नीचे गिरने के कारण आकाश की रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर हो गया। बदमाशों ने उसे मारने के लिएए ऊपर से भारी पत्थर भी फेंके। पत्थरों की चोट से आकाश की आंखों के पास गंभीर घाव हो गए। दर्द और घने अंधेरे के बीच आकाश ने किसी तरह पुल के पिलर के पीछे छिपकर अपनी जान बचाई।

यह भी पढ़ें 👉  ब्रेकिंग न्यूज: *योगी आदित्यनाथ और पुष्कर धामी ने एक साथ कसरत कर विपक्ष को दिया संदेश*! पढ़ें उत्तराखंड अपडेट...

वे करीब 4-5 घंटे तक मदद के लिए चिल्लाते रहे। शुक्रवार सुबह गश्त पर निकले सेना के तीन जवानों ने जब घायल आकाश की कराहने की आवाज सुनी, तो वे नीचे पहुंचे।

चोटों के कारण आकाश उन्हें पहचान भी नहीं पा रहे थे। जवानों और स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया।

वारदात के बाद भी पुलिस का रवैया टालमटोल वाला रहा। पीड़ित के पिता विनोद कुमार ने आरोप लगाया कि जब वे प्रेमनगर थाने पहुंचे, तो पुलिस ने केस दर्ज करने के बजाय उन्हें सीमा विवाद का हवाला देकर रायपुर थाने भेज दिया।

हालांकि, बाद में मामले की गंभीरता देखते हुए पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगालना और जांच शुरू कर दी है। एसीपी सिटी प्रमोद कुमार ने बताया कि पीड़ित की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और आरोपियों की तलाश के लिए टीमें गठित कर दी गई हैं।

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad

लेटैस्ट न्यूज़ अपडेट पाने हेतु -

👉 हमारे व्हाट्सऐप ग्रुप से जुड़ें

👉 फ़ेसबुक पेज लाइक/फॉलो करें

👉 यूट्यूब चैनल सबस्क्राइब करें

👉 न्यूज अपडेट पाने के लिए 8218146590, 9758935377 को अपने व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ें